रायबरेली-गंगा की गोद के गांव में बूंद बूंद पानी को तरस रहे ग्रामीण

रायबरेली-गंगा की गोद के गांव में बूंद बूंद पानी को तरस रहे ग्रामीण

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       रिपोर्ट-सागर तिवारी
 
- अधिकारी दे रहे बजट के अभाव का हवाला

ऊंचाहार - रायबरेली-दक्षिण वाहिनी गंगा के तट गोकर्ण ऋषि के घाट पर स्थित गोकना गांव भारी पेयजल संकट से जूझ रहा है । मां गंगा की गोद में स्थापित इस गांव के एक दर्जन से अधिक हैंड पाइप खराब है । गांव के लोग पानी के लिए तरस रहे हैं ।
        गोकना गांव की आबादी करीब एक हजार से अधिक है । धार्मिक और पौराणिक रूप से गौरवशाली अतीत को लिए यह गांव आज मूलभूत जरूरतों के लिए जद्दोजहद कर रहा है । गांव में विभिन्न निधियों ने दर्जनों इंडिया मार्का हैंड पाइप लगाए गए थे । जिसमें से अधिकांश हैंड पाइप खराब हो चुके हैं । भारत सरकार की हर घर जल योजना भी इस गांव में अभी तक धरातल पर नहीं उतरी है । जून माह की भीषण गर्मी में हलक तर करने के लिए गांव के लोग परेशान है । गांव के रमेश सिंह , सुनील सिंह , देशराजसिंह , आशाराम , राम लखन सिंह आदि ग्रामीणों के घरों के पास स्थापित हैंड पाइप अरसे से खराब पड़े है । ग्रामीणों ने अधिकारियों से शिकायत की तो ग्राम पंचायत अधिकारी ने कागज पर कुछ हैंड पाइप को ठीक बताकर आख्या रिपोर्ट लगा दी । यही नहीं कुछ हैंड पाइप को रिबोर के लिए बताया गया । किंतु बजट के अभाव में रिबोर कराना संभव नहीं बताया जा रहा है । ऐसी दशा में ग्रामीणों के सामने पेयजल का भारी संकट पैदा हो गया है । जिम्मेदार ग्रामीणों की इस समस्या पर आंख बंद किए हुए हैं ।