रायबरेली-कालू वाला कंपनी के अवैध मिट्टी खनन से कराह रही धरती,,,,

रायबरेली-कालू वाला कंपनी के अवैध मिट्टी खनन से कराह रही धरती,,,,

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 रिपोर्ट-सागर तिवारी

ऊंचाहार-रायबरेली -धरती को छलनी करके अवैध खनन के काले कारोबार में केवल गंगा एक्सप्रेस वे की आईटीडी कंपनी ने क्षेत्र में खूब उत्पात किया है अपितु एनएचएआई के चौड़ीकरण में काम करने वाली कालू वाला कंपनी के कारोबार ने भी खूब तबाही मचा रखी है । इस कंपनी ने भी बिना अनुमति लिए पूरे क्षेत्र के कई स्थानों पर खनन के नाम पर जगह जगह कुआं बना दिया है । जिससे पूरे क्षेत्र का भूगोल ही बदल गया है ।
    एनएचएआई के चौड़ीकरण में भी बड़े पैमाने पर मिट्टी का खनन किया जा रहा है । क्षेत्र के नजनपुर , सनबीरवन , शाहाबाद , सवैया मीरा , लक्ष्मीगंज गांव समेत करीब आधा दर्जन स्थानों पर कालू वाला कंपनी मिट्टी का खनन कर रही है । जिसमें से अधिकांश खनन की अनुमति नहीं मिली है । लोकसभा चुनाव के दौरान प्रशासनिक अमला चुनाव में व्यस्त था , ऐसे में कंपनी ने खूब उत्पात मचाया है । मिली जानकारी के अनुसार कुछ स्थानों पर अनुमति हेतु जिला प्रशासन से आवेदन करने के साथ ही खनन का काम शुरू कर दिया , अभी तक आवेदन पत्रावली लंबित है और मौके पर खनन का काम पूरा करके समतल मैदान को तालाब और तालाब को कुआं बना दिया गया है । गांव गांव बीस फिट गहरा कुआं खोदा गया है । जिससे कृषि भूमि के साथ मानव और मवेशी जीवन को भी खतरा पैदा हो गया है ।
  
बिना अनुमति खोद डाले गए खेत 

कालू वाला कंपनी ने किसानों के साथ मिलकर उनकी निजी कृषि योग्य भूमि में खूब खनन किया है । किसानों को चंद रुपए देकर बिना प्रशासनिक अनुमति लिए खेद खोद डाले गए । इसमें क्षेत्रीय लेखपाल और तहसील स्तर के अधिकारियों की मिलीभगत भी रही । यही कारण रहा कि रातदिन  चल रहे खनन के अवैध काले कारोबार पर कोई रोक नहीं लगा रहा है । जमीनी हकीकत की जानकारी जिला स्तरीय अधिकारियों को पता नहीं है , और स्थानीय जिम्मेदार अधिकारी जानबूझकर आंखे बंद किए हुए है । जिससे धरा की ऊंचाई ही कम हो रही है । आने वाले दिनों में यह पूरा क्षेत्र तराई जैसा नजर आने वाला है । जिसकी भयावहता का अंदाजा अभी किसी को नहीं है , इसका खामियाजा आने वाली पीढ़ियां भुगतेगी।