रायबरेली-ऊंचाहार कोतवाली में तैनात दरोगा से पीड़ित हो कर कल धरनें पर बैठेगें-ललित

रायबरेली-ऊंचाहार कोतवाली  में तैनात दरोगा से पीड़ित हो कर कल धरनें पर बैठेगें-ललित

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     रिपोर्ट-सागर तिवारी 




- महिला की शह पर अपराध को मिल रहा बढ़ावा का आरोप

ऊंचाहार - रायबरेली - अवधी में एक पुरानी कहावत है कि  ' सैंया भए कोतवाल तो डर काहे का' आजकल ऊंचाहार के एक गांव में  चरितार्थ हो रहा है । एक महिला को कोतवाली के एसएसआई से नजदीकी पूरे गांव के लिए जान का आफत बनी हुई है । महिला की शह पर अपराध को दबाया और ग्रामीणों को परेशान किया जा रहा है । ग्रामीण ने पूरे मामले का खुलासा करते हुए विजिलेंस समेत अधिकारियों से शिकायत की है ।
    मामला क्षेत्र के गांव पट्टी रहस कैथवल का है । गांव के ललित कुमार का आरोप है कि गांव की एक महिला से ऊंचाहार कोतवाली के एसएसआई की नजदीकी है । जिसका फायदा उठाकर महिला ने पूरे गांव में आतंक फैला रखा है । शिकायतकर्ता का कहना है कि कुछ माह पूर्व उसके विरोधियों ने उसे जान से मारने की नियत से उसके छप्पर में आग लगा दी थी । इस मामले की शिकायत विभिन्न स्तर पर की गई तो जांच एसएसआई को मिली । उन्होंने आगजनी की घटना को अपनी आख्या में स्वीकार करते हुए हास्यास्पद रिपोर्ट लगा दी कि आगजनी की घटना शांतिपूर्ण विरोध के क्रम में की गई है । आरोप है कि इतने बड़े अपराध को शांतिपूर्ण बताने के पीछे एसएसआई की महिला से यारी है । यहां पर यह भी उल्लेखनीय है कि कुछ दिन पूर्व इसी गांव की एक महिला ने एसएसआई पर घर में घुसकर छेड़छाड़ का आरोप लगाया था । लगातार एसएसआई के चरित्र पर उठ रहे सवाल के कारण पुलिस की छवि भी धूमिल हो रही है । ग्रामीण ने पूरे प्रकरण और एसएसआई की भूमिका तथा उनकी आशिकमिजाजी की पूरी दास्तां लिखकर अधिकारियों और खुफिया विभाग को भेजी है।
इसी बातों को लेकर पट्टी रहस कैथवल निवासी ललित कल रायबरेली कलेक्टेड में धरनें पर बैठे जा रहे है। उनका कहना है जब तक हमें न्याय नही मिलेगा हम धरनें से नही उठेंगे।