रायबरेली-बीमार मवेशियों के लिए जाइए निजी मेडिकल स्टोर,,,

रायबरेली-बीमार मवेशियों के लिए जाइए निजी मेडिकल स्टोर,,,

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रिपोर्ट-सागर तिवारी

 राजकीय चिकित्सालय में नहीं है दवाएं 

ऊंचाहार-रायबरेली -इंसानों को ही नहीं मवेशियों के इलाज के लिए भी निजी मेडिकल स्टोर ही सहारा है , क्योंकि राजकीय पशु चिकित्सालय दवा विहीन है । वहां तैनात जिम्मेदार हर इलाज के लिए बाहर की दवाएं लिख रहे है ।
       सरकार पशु पालन को लगातार बढ़ावा दे रही है । बाहर घूम रहे बेसहारा पशुओं से छुटकारा पाने के लिए शासन ने कई योजनाएं बनाई है , किंतु पशु चिकित्सा विभाग को पशुओं के इलाज के लिए कोई संसाधन सुलभ नहीं है । हालात यह है कि राजकीय पशु चिकित्सालय में कोई सवा उपलब्ध नहीं है । पशुओं में छोटी छोटी मौसमी बीमारियों के लिए पशु पालक निजी मेडिकल स्टोर के भरोसे है । बड़ी संख्या में पशु पालक तो अस्पताल जाते ही नहीं है । गांव गांव फैले पशुओं के चिकित्सकों से मंहगा इलाज कराना पशु पालकों को मजबूरी है । पशु चिकित्सालय की दशा यह है कि वहां तैनात डाक्टर कभी कभार ही अस्पताल आते हैं । यदि कोई पशु पालक राजकीय पशु चिकित्सालय पहुंच गया तो कंपाउंडर बाहर की दवा लिखता है । बताया जाता है कि कई वर्षों से पशु चिकित्सालय में दवा नहीं आ रही है ।