इंजेक्शन लगाते ही 10 प्रसूताओं की हालत बिगड़ी

इंजेक्शन लगाते ही 10 प्रसूताओं की हालत बिगड़ी

-:विज्ञापन:-

रिपोर्ट-केशवानंद शुक्ला

रायबरेली-जिला महिला अस्पताल में शुक्रवार की सुबह इंजेक्शन लगने के बाद 10 प्रसूताओं की हालत बिगड़ गई। कंपकपी, घबराहट, बुखार आदि की समस्या होते ही वार्ड में अफरातफरी मच गई। सूचना पर पुरुष अस्पताल के चिकित्सकों की टीम पहुंची और प्रसूताओं का इलाज शुरू किया।

डीएम के निर्देश पर सिटी मजिस्ट्रेट व एसीएमओ की टीम ने अस्पताल पहुंचकर मामले की जांच की है। सभी प्रसूताएं स्वस्थ बताई जा रहीं हैं।
जिला महिला अस्पताल में सिजेरियन प्रसव के बाद एक वार्ड में करीब 40 प्रसूताओं को भर्ती करके उनका इलाज किया जा रहा है। शुक्रवार की सुबह सभी प्रसूताओं को आरएल की बोतल के साथ एंटीबायोटिक इंजेक्शन लगाया गया। इंजेक्शन लगने के कुछ ही देर बाद प्रसूताओं को दिक्कत शुरू हो गई। इंजेक्शन लगने के बाद सबसे पहले शहनाज व ममता को कंपकपी, घबराहट और बुखार के साथ अन्य दिक्कतें शुरू हो गईं। मिचली की भी समस्या हुई। जब तक वार्ड में उपलब्ध स्टाफ कुछ समझ पाता कि संगीता, रुख्सार, दीपशिखा सहित करीब 10 प्रसूताओं को हालत बिगड़ने लगी।
एक-एक करके कई भर्ती महिलाओं की हालत बिगड़ने पर अस्पताल प्रशासन में अफरातफरी मच गई। सूचना पर पुरुष अस्पताल के हृदय रोग विशेषज्ञ डॉ. सलीम सहित अन्य चिकित्सकों की टीम इलाज करने के लिए महिला अस्पताल पहुंच गई। सभी महिलाओं का ब्लड प्रेशर जांचने के साथ इलाज शुरू किया गया। कुछ घंटे बाद प्रसूताएं सामान्य हो गईं। मामले में डीएम के आदेश पर सिटी मजिस्ट्रेट प्रकाशचंद्र, एसीएमओ डॉ. अरविंद कुमार की टीम ने महिला अस्पताल पहुंचकर मामले की जांच की।

 तीमारदारों का आरोप, नर्सों ने की लापरवाही

वार्ड में भर्ती प्रसूताओं के तीमारदारों का आरोप है कि नर्सों की लापरवाही के कारण ऐसा हुआ। खाली सहाट के इदरीश का आरोप है कि इंजेक्शन लगाने से समस्या हुई। सिस्टर से कहा, लेकिन नहीं सुना। वह बोलीं-शिफ्ट खत्म हो गई। अब नई सिस्टर देखेंगी। दूरभाष नगर निवासी शैलेश का आरोप है कि सुबह इंजेक्शन लगने के बाद समस्या हुई। ध्यान देना चाहिए, लेकिन सिस्टर ने ध्यान नहीं दिया। इंजेक्शन लगाने में लापरवाही बरती गई।

अब सभी प्रसूताएं स्वस्थ : सीएमएस
जिला महिला अस्पताल की सीएमएस डॉ. रेनू चौधरी ने बताया कि वार्ड में भर्ती सभी 40 महिलाओं को एंटीबायोटेक का एक ही इंजेक्शन लगाया गया। सिर्फ कुछ ही महिलाओं को समस्या हुई। अब सभी पूरी तरह से स्वस्थ हैं। किसी को कोई दिक्कत नहीं है।

प्रकाशचंद्र, सिटी मजिस्ट्रेट

इंजेक्शन में नहीं मिली कोई कमी
महिला अस्पताल पहुंचकर पूरे प्रकरण की पड़ताल की गई। घबराहट, बुखार व अन्य समस्या से ग्रसित हुईं महिलाओं से बात की गई। सभी सामान्य हैं। प्रथम दृष्टया जांच में इंजेक्शन में कोई कमी नहीं मिली, क्योंकि यह इंजेक्शन सभी महिलाओं को लगाया गया। -