रायबरेली - कन्नावा कांड बना राजनैतिक गलियारों में चर्चा का विषय

रायबरेली - कन्नावा कांड बना राजनैतिक गलियारों में चर्चा का विषय

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रिपोर्ट:- ऋषि मिश्रा
मो०न०:-9935593647

किसी ने अधिकारियों को दिलाई उनकी पावर की याद, तो किसी ने की अधिकारियों की तारीफ

बछरावा, रायबरेली- बीते शनिवार को थाना क्षेत्र के अंतर्गत कन्नावा गांव में संविधान निर्माता बाबा साहब डॉक्टर भीमराव अंबेडकर का सर धड़ से अलग करने के मामले जो नजारा घटनास्थल पर देखने को मिला। वह कन्नावा कांड राजनीतिक गलियों में चर्चा का विषय बन गया। खैर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने बाबा साहब की सुरक्षा एवं रक्षा की जो बात कही, उस पर उनके अधिकारी व स्थानीय पुलिस खरी उतरती हुई नजर आई। आनन-फानन घटनास्थल पर पहुंचे उप जिला अधिकारी महाराजगंज गौतम सिंह और क्षेत्राधिकारी महाराजगंज प्रदीप कुमार ने मामले की गंभीरता को समझते हुए तत्काल मौजूद लोगों की मांग पर लखनऊ से दूसरी 6 फीट की बाबासाहब की प्रतिमा को मगवाकर उक्त स्थान पर स्थापित कराया और कानूनी कार्यवाही करते हुए तत्काल उक्त घटना में अज्ञात के खिलाफ मुकदमा पंजीकृत कर आगे की कार्यवाही शुरू करते हुए जांच पड़ताल शुरू की गई। परंतु ताज्जुब की बात तो यह निकली जब घटनास्थल पर घटना के कुछ देर पश्चात मौके पर मौजूद  वर्तमान विधायक श्याम सुंदर भारती के द्वारा उपजिलाधिकारी महाराजगंज गौतम सिंह को उक्त घटना स्थल की जमीन को विवादित बताते हुए प्रस्ताव पास कर उसे बाबा साहब के स्थल के नाम पर रखने की बात कहते हुए एसडीएम को उनकी पावर याद दिलाई जाने लगी और यह कहा गया कि आपके पास तो पावर है, आप ग्राम सभा से कहकर यह कार्य करवा सकते हैं। वर्तमान विधायक कि यह प्रक्रिया मोबाइल फोन के कमरे में कैद हो गई। जबकि रविवार को उक्त स्थान पर मूर्ति स्थापना कार्यक्रम के दौरान पहुंचे पूर्व विधायक रामलाल अकेला ने मामले में शासन प्रशासन की कार्यवाही की सराहना करते हुए बताया कि  यहां पर किसी प्रकार का कोई जमीनी विवाद नहीं है, यह सब कहने की बातें हैं, यहां स्वेच्छा से आज से 36 वर्ष पूर्व स्थानीय गांव निवासी और हमारे साथी स्वर्गीय छेदीलाल एवं अन्य साथियों ने मिलकर इस मूर्ति की स्थापना की थी और मैं भी उस समय मौजूद था। यह जिन भी शरारती तत्वों का काम है उन्हें हमारी सरकार और शासन प्रशासन जल्द ही उचित दंड देगा। वहीं उक्त संबंध में अधिक जानकारी देते हुए क्षेत्राधिकारी महाराजगंज प्रदीप कुमार ने बताया कि घटना के पश्चात तत्काल दूसरी प्रतिमा मंगवाकर उसकी स्थापना कर दी गई है। उक्त घटना में जो भी शरारती तत्व शामिल है, अभियोग पंजीकृत कर लिया गया है उनको कतई बक्शा नही जायेगा और कठोर कार्यवाही की जाएगी। परंतु इस कन्नावा कांड के पश्चात कुछ जनप्रतिनिधि उक्त घटनास्थल पर जमीनी विवाद को सिरे से नकार रहे हैं तो, कुछ जनप्रतिनिधि उक्त घटनास्थल के जमीनी विवाद को लेकर एसडीएम को उनकी पावर याद दिला रहे हैं। जिसकी चर्चा क्षेत्र की राजनीतिक गलियों के साथ-साथ लोगों के बीच में भी बनी हुई है।