Raibareli-आखिर कौन सा विद्यालय है जिस विद्यालय पर लटकी मान्यता समाप्ति की तलवार

Raibareli-आखिर कौन सा विद्यालय है जिस विद्यालय पर लटकी मान्यता समाप्ति की तलवार

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रिपोर्ट-ओम द्विवेदी(बाबा)
मो-8573856824


 रायबरेली- विद्यालय की मान्यता समाप्ति की कार्यवाही एक बार फिर प्रगति पर है, कई महीनो से ठन्डे बस्ते में पड़ी  कार्यवाही तूल पकड़ने के लिए पूर्व एमएलसी राजा राकेश प्रताप सिंह ने मंगलवार को जिलाधिकारी को एक शिकायती पत्र सौपा हैं, जिसमें कहा गया है कि राधा कृष्ण बाल विद्या मंदिर डलमऊ द्वारा पूर्व धोखाधड़ी कर गलत अभिलेख प्रस्तुत कर बेसिक शिक्षा अधिकारी द्वारा मान्यता प्राप्त करने के चलते 10 जनवरी सन 2024 को मेरे द्वारा एक पत्र जिलाधिकारी महोदय को दिया गया, जिलाधिकारी द्वारा तत्कालीन न्यायिक एसडीएम नवदीप शुक्ला को जा सौपी गई थी। चुनाव को लेकर उपरोक्त कार्यवाही को ठंडे बस्ते में डाल दिया गया था, उन्होंने यह भी बताया कि विद्यालय की मान्यता समाप्ति की कर्यवाही लंबित होने के बाद भी विद्यालय में समय-समय पर निर्माण आदि का कार्य प्रारंभ जो पूर्ण रूप से गलत। श्री सिंह ने आरोप लगाते हुए डीएम को को बताया कि इससे फर्जी दस्तावेज लगाकर विद्यालय की मान्यता प्राप्त करने का मामला उजागर हो गया है,इससे पूर्व तत्कालीन डीएम के आदेश पर शिक्षा अधिकारी ने अधिकारी ने मान्यता समाप्ति करने के लिए 19 मई सन 2022 को स्पष्टीकरण पत्रांक संख्या 1478-81 जारी कर 30 दिवस के अंदर प्रबंधक का जवाब मांगा , विद्यालय के प्रबंधक ने कार्यवाही से बचने के लिए नोटिस को आधार बनाकर हाईकोर्ट लखनऊ में 15 जून सन 2022 को वाद दायर कर बेसिक शिक्षा अधिकारी, डीएम, डायरेक्टर शिक्षा विभाग लखनऊ, सिक्योरिटी शिक्षा विभाग बेसिक सिविल सचिवालय लखनऊ को पार्टी बनाया गया था, तथ्यविहीन वाद को देखकर हाईकोर्ट ने विद्यालय के प्रबंधक को जमकर फटकार लगाई जिस पर विद्यालय के प्रबंधक को अपना केस विड्रा करना पड़ा, कस्बे में स्थित  राधा कृष्ण बाल विद्या मंदिर का निर्माण भूस्वामी पूर्व एमएलसी राजा राकेश प्रताप सिंह की भूमि पर किया गया था। विद्यालय के निर्माण कार्य कराने के बाद गलत तरीके से मान्यता भी प्राप्त कर ली इसी के साथ ही प्रबंधक ने अपनी रसूख के बलबूते पर सांसद निधि और विधायक निधि से करीब 50 लाख रुपए प्राप्त किया।



यह है फर्जी मानता प्राप्त करने का मामला

डलमऊ नगर पंचायत क्षेत्र के अंतर्गत सड़क घाट में स्थित राधा कृष्ण बाल विद्या मंदिर विद्यालय का निर्माण कार्य पूर्व एमएलसी राजा राकेश प्रताप सिंह की भूमि पर कराया गया था, जिसकी जांच पड़ताल कराने के लिए पूर्व एमएलसी ने तत्कालीन डीएम को 12 अक्टूबर सन 2019 को शिकायती पत्र सौंपा था, 29 अक्टूबर सन 2019 को तत्कालीन एसडीएम की रिपोर्ट पत्रांक संख्या 1774 में उल्लेख किया गया कि उक्त विद्यालय का पट्टा गाटा संख्या 2677 व 2724 रकबा 32.786 हेक्टेयर भूमि से सन 1 जनवरी 2011 में प्रबंधक द्वारा उक्त विद्यालय का निर्माण कराने के लिए लिया था, परंतु प्रबंधक ने उक्त  विद्यालय का निर्माण कार्य चोरी छिपे  पूर्व एमएससी की बेशकीमती भूमि  गाटा संख्या 1581 मे कराकर सन्  2008 में ही फर्जी तरीके से विद्यालय की मान्यता प्राप्त कर लिया, मामला उजागर होने पर विद्यालय की मानता समाप्ति और प्रबंधक द्वारा फर्जीवाड़े मामले की कार्यवाही अब जोर शोर से चल रही है, मामले में शिक्षा विभाग डलमऊ तहसील प्रशासन अपनी अपनी जांच रिपोर्ट उच्च अधिकारियों को प्रेषित कर दिया है, डीएम के आदेश के बाद विद्यालय की मान्यता समाप्त कर विद्यालय प्रबंधक के विरुद्ध एफ आई आर दर्ज की जा सकती है। 


इस संबंध  में पूर्व एमएलसी राकेश प्रताप सिंह से दूरभाष पर बताया कि अगर प्रशासन द्वारा  संतोष जनक कार्यवाही नहीं होती है तो मामले की शिकायत शासन में जाएगी।।