रायबरेली-एनएचएम संविदा स्वास्थ्य कर्मियों को आयुष्मान से जोड़ने की मांग तेज

रायबरेली-एनएचएम संविदा स्वास्थ्य कर्मियों को आयुष्मान से जोड़ने की मांग तेज

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रिपोर्ट-ओम द्विवेदी(बाबा)
मो-8573856824

प्रदेश अध्यक्ष करुणा शंकर मिश्र ने मुख्यमंत्री, उपमुख्यमंत्री व स्वास्थ्य अधिकारियों के प्रयासों की सराहना, जताया आभार
लखनऊ। प्रदेश में स्वास्थ्य सेवाओं को सुदृढ़ करने की दिशा में सरकार द्वारा किए जा रहे निरंतर प्रयासों के बीच राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन (एनएचएम) के अंतर्गत कार्यरत संविदा स्वास्थ्य कर्मियों को आयुष्मान भारत–प्रधानमंत्री जन आरोग्य योजना से जोड़ने की मांग ने जोर पकड़ लिया है। जनस्वास्थ्य की अग्रिम पंक्ति में तैनात ये कर्मी महामारी काल से लेकर नियमित टीकाकरण, मातृ-शिशु स्वास्थ्य सेवाओं और क्षय रोग उन्मूलन कार्यक्रम जैसे महत्वपूर्ण अभियानों में अहम भूमिका निभाते रहे हैं।
उत्तर प्रदेश क्षय रोग वरिष्ठ उपचार पर्यवेक्षक (संविदा) संघ के प्रदेश अध्यक्ष करुणा शंकर मिश्र ने संघ की ओर से प्रदेश सरकार, स्वास्थ्य विभाग के वरिष्ठ अधिकारियों, माननीय मुख्यमंत्री एवं माननीय उपमुख्यमंत्री के प्रति आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि स्वास्थ्य क्षेत्र में सरकार द्वारा उठाए गए सकारात्मक कदमों से कर्मचारियों का मनोबल बढ़ा है और जनसेवा के प्रति उनका समर्पण और सुदृढ़ हुआ है।
प्रदेश अध्यक्ष ने यह भी उल्लेख किया कि हाल के दिनों में अन्य विभागों के कर्मचारियों को आयुष्मान भारत योजना के तहत स्वास्थ्य सुरक्षा प्रदान किया जाना सरकार का संवेदनशील और दूरदर्शी निर्णय है। इससे स्पष्ट होता है कि सरकार अपने कर्मचारियों के कल्याण के प्रति गंभीर है।
उन्होंने विनम्र आग्रह करते हुए कहा कि एनएचएम के संविदा स्वास्थ्य कर्मचारी वर्षों से सीमित संसाधनों में ग्रामीण और दूरस्थ क्षेत्रों तक स्वास्थ्य सेवाएं पहुंचा रहे हैं। ऐसे में उन्हें और उनके परिवारों को भी आयुष्मान योजना के दायरे में शामिल किया जाना चाहिए। इससे न केवल हजारों परिवारों को स्वास्थ्य सुरक्षा मिलेगी, बल्कि कर्मचारियों का मनोबल भी दोगुना होगा।
संघ ने विश्वास जताया कि सरकार संविदा स्वास्थ्य कर्मियों के निरंतर योगदान और समर्पण को ध्यान में रखते हुए शीघ्र सकारात्मक निर्णय लेगी, जिससे प्रदेश की स्वास्थ्य व्यवस्था और अधिक मजबूत एवं प्रभावी बन सकेगी।